राज्यसभा के लिए 16 अक्टूबर और विधान परिषद की 11 स्नातक-शिक्षक सीटों पर 23 अक्टूबर को वोटिंग, 29 सितंबर से शुरू होगी नामांकन प्रक्रिया
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में अक्टूबर का महीना चुनावी गतिविधियों से भरा रहेगा। भारत निर्वाचन आयोग ने राज्यसभा की 10 सीटों और विधान परिषद की स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की 11 सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया है। राज्यसभा चुनाव के लिए 16 अक्टूबर और MLC सीटों के लिए 23 अक्टूबर 2026 को मतदान होगा।
29 सितंबर से शुरू होगी नामांकन प्रक्रिया
राज्यसभा और विधान परिषद दोनों चुनावों के लिए अधिसूचना 29 सितंबर को जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर, नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर और नाम वापसी की अंतिम तारीख 9 अक्टूबर तय की गई है।
16 अक्टूबर को राज्यसभा के लिए मतदान
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों के लिए 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा। वोटों की गिनती भी उसी दिन शाम 5 बजे से होगी। पूरी चुनाव प्रक्रिया 19 अक्टूबर तक पूरी कर ली जाएगी।
इन 10 सीटों में नौ सीटें मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल 25 नवंबर को पूरा होने के कारण रिक्त होंगी, जबकि एक सीट डॉ. दिनेश शर्मा के इस्तीफे के बाद खाली हुई है। चुनाव होने वाली सीटों से जुड़े मौजूदा सदस्यों में अरुण सिंह, गीता शाक्य, नीरज शेखर, बृजलाल, राम गोपाल यादव, रामजी, बीएल वर्मा, सीमा द्विवेदी, हरदीप सिंह पुरी और डॉ. दिनेश शर्मा शामिल हैं।
11 MLC सीटों पर 23 अक्टूबर को वोटिंग
विधान परिषद की 11 सीटों के लिए चुनाव स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से होंगे। उत्तर प्रदेश की इन सीटों में 5 स्नातक और 6 शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। मतदान 23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक होगा, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी। चुनाव प्रक्रिया 31 अक्टूबर तक पूरी करने का कार्यक्रम है।
MLC चुनाव का पूरा शेड्यूल
- 29 सितंबर: अधिसूचना जारी
- 6 अक्टूबर: नामांकन की अंतिम तारीख
- 7 अक्टूबर: नामांकन पत्रों की जांच
- 9 अक्टूबर: नाम वापसी की अंतिम तारीख
- 23 अक्टूबर: मतदान, सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक
- 27 अक्टूबर: मतगणना
- 31 अक्टूबर: चुनाव प्रक्रिया पूरी होने की निर्धारित तारीख
राज्यसभा और MLC चुनाव में अलग होगा मतदाता वर्ग
राज्यसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश के निर्वाचित विधायक मतदान करते हैं। वहीं विधान परिषद की इन 11 सीटों के लिए संबंधित स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के मतदाता मतदान करेंगे। निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के साथ संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में आदर्श आचार संहिता भी लागू हो गई है।
अक्टूबर में होने वाले इन चुनावों के साथ उत्तर प्रदेश में राज्यसभा और विधान परिषद, दोनों स्तरों पर चुनावी प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।



